Wednesday, 27 May 2015

वेग रोकने से होने वाले रोग




भूख रोकने से होने वाले रोगः

अंगभंगारूचिग्लानिकार्श्यशूलभ्रमाः क्षुधः।
भूख रोकने से, भूख लगने पर भी न खाने से शरीर टूटता है, अरुचि, ग्लानि और दुर्बलता आती है। इसके अलावा पेट में शूल-दर्द होता है और सिर में चक्कर आते हैं।
पेट में जब दर्द हो तब यह जानने की कोशिश करनी चाहिए कि यह दर्द अजीर्ण के कारण तो नहीं है? यह दर्द अजीर्ण के कारण हो और उसे भूख के कारण होने वाला दर्द मानकर अधिक भोजन करने पर परिस्थिति बिगड़ जाती है।

प्यास रोकने से होने वाले रोगः

शोषांगसादबाधिर्यसम्मोहभ्रमह्रदगदाः।
तृष्णाया निग्रहात्तत्र…..
प्यास रोकने से मुखशोष (मुँह का सूखना), शरीर में शिथिलता, अंगों में कार्य करने की अशक्ति महसूस होना बहरापन, मोह, भ्रम, चक्कर आना,आँखों में अन्धापन आना आदि रोग हो सकते हैं। शरीर में धातुओं की कमी होने से हृदय में भी विकृति हो सकती है।

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